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Attitude & Self (स्वाभिमान)

ख़ामोश मेहनत और स्वाभिमान — दो लाइन शायरी

दूसरों की नज़रों में क़ीमती बनने से बेहतर है, इंसान खुद की नज़रों में खरा उतरे। शोर मचाने से रुतबा नहीं बनता, ख़ामोश मेहनत ही पहचान तराशती है।
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Reflection & Context

स्वाभिमान, आत्म-सम्मान और अपनी पहचान को बिना किसी दिखावे के तराशने पर लिखे गए प्रेरक शब्द।

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